बिहारशरीफ (अपना नालंदा)। नूरसराय थाना क्षेत्र में देर रात हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। घर लौट रहे एक मजदूर को तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। पांच छोटे बच्चों के सिर से पिता का साया उठ जाने के बाद परिवार के सामने भुखमरी और पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
मृतक की पहचान नूरसराय थाना क्षेत्र के चकदौदपुर गांव निवासी स्वर्गीय छोटे यादव के 45 वर्षीय पुत्र कौशलेंद्र यादव के रूप में की गई है। ग्रामीणों के अनुसार कौशलेंद्र बेहद मेहनती और सरल स्वभाव के व्यक्ति थे। वह मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे और पूरे घर की जिम्मेदारी उन्हीं के कंधों पर थी।

ग्रामीणों ने बताया कि कौशलेंद्र यादव ने मकनपुर पोखर के समीप कुछ जमीन खरीदी थी, जहां इन दिनों निर्माण कार्य चल रहा था। शनिवार रात वह निर्माण स्थल से काम खत्म कर खाना खाने अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान एकंगरसराय पथ पर मकनपुर गांव के पास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि वह सड़क किनारे गहरे गड्ढे में जा गिरे। रात का समय होने के कारण सड़क पर सन्नाटा पसरा था और हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया। काफी देर तक घायल अवस्था में कौशलेंद्र वहीं पड़े रहे।
कुछ समय बाद उधर से गुजर रहे राहगीरों की नजर घायल मजदूर पर पड़ी। लोगों ने शोर मचाकर ग्रामीणों को बुलाया। इसके बाद गांव के लोग मौके पर पहुंचे और गंभीर रूप से घायल कौशलेंद्र यादव को तत्काल इलाज के लिए पावापुरी मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया। लेकिन अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में ही उनकी मौत हो गई।
घटना की खबर मिलते ही पूरे गांव में मातम पसर गया। मृतक की पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोगों ने बताया कि कौशलेंद्र यादव के तीन छोटे बेटे और दो बेटियां हैं, जिनकी पढ़ाई-लिखाई और परवरिश की पूरी जिम्मेदारी अब परिवार पर आ गई है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की है।
इधर सूचना मिलते ही नूरसराय थाना अध्यक्ष अरविंद कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बिहारशरीफ मॉडल सदर अस्पताल भेज दिया।
थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया कि अज्ञात वाहन चालक की पहचान के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है। परिजनों से आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस जल्द ही वाहन और चालक का पता लगाने का दावा कर रही है।
इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। गांव के लोगों में घटना को लेकर भारी आक्रोश और दुख का माहौल है।







